दुर्गा · भक्ति
सम्बन्धित आरती, चालीसा, स्तोत्र, मन्त्र और प्रार्थना उनके अर्थ सहित पढ़ें।
दुर्गा का परिचय पढ़ें
आरती

आरती
अम्बे तू है जगदम्बे काली
माँ जगदम्बा की स्तुति का चालीस-पंक्तियों वाला पाठ, रोमन हिन्दी, अर्थ और व्याख्या।
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आरती
जय अम्बे गौरी — दुर्गा माता आरती
माँ दुर्गा की 13-पद वाली चयनित आरती; मूल पाठ, सरल अर्थ, प्रतीक-विवेचन और पाठभेद।
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आरती
जय पार्वती माता — चुना हुआ पूरा पाठ और सरल अर्थ
माता पार्वती की आरती—टेक और सात पद पहले, फिर हर पद का अर्थ, स्रोत और पाठभेद।
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आरती
ॐ जय लक्ष्मी माता — श्री लक्ष्मी जी की आरती
माँ लक्ष्मी की चयनित आठ-पदीय आरती, मूल देवनागरी पाठ, सरल अर्थ और विश्वसनीय स्रोत-समीक्षा।
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चालीसा

चालीसा
श्री दुर्गा चालीसा — चयनित संपूर्ण पाठ और हिंदी अर्थ
माँ दुर्गा की चालीसा के 40 चौपाई-पाठखंड, अलग समापन विनती, अर्थ और प्रामाणिक पाठभेद।
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चालीसा
काली चालीसा — लाइसेंसयुक्त वैकल्पिक पाठ
काली चालीसा का अलग 57-पदों वाला MIT-लाइसेंसयुक्त पाठ; नए द्विभाषी अर्थ सहित। यह पहले के अप्रकाशित पाठ से भिन्न है।
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चालीसा
सरस्वती चालीसा — लाइसेंसयुक्त पाठ
सरस्वती चालीसा का अलग 43-पदों वाला MIT-लाइसेंसयुक्त पाठ; वाल्मीकि वाले पाठान्तर और उसके अनुरूप अर्थ सहित।
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स्तोत्र

स्तोत्र
देव्यपराधक्षमापनस्तोत्रम्: मूल पाठ, हिन्दी अर्थ और पाठभेद
क्षमा की बारह-पदीय प्रार्थना जो पूजा की कमी और जीवन की भूलों के बीच मातृकरुणा का आश्वासन खोजती है।
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स्तोत्र
महिषासुरमर्दिनी स्तोत्रम् (अयि गिरिनन्दिनि) — २१ पदों का पाठ
दुर्गा के साहस, शक्ति, सौन्दर्य और करुणा का लयपूर्ण स्तोत्र—२१ पदों वाले एक चिह्नित पाठ के अनुसार।
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स्तोत्र
नारायणी स्तुति — देवीमाहात्म्य अध्याय ११
देवीमाहात्म्य के ११वें अध्याय में करुणा, मातृशक्ति और विश्व-रक्षा की ३३ श्लोकों वाली स्तुति।
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मन्त्र और जप

मन्त्र और जप
नवार्ण / नवाक्षरी मन्त्र — ॐ ऐं ह्रीं क्लीं चामुण्डायै विच्चे
तीन बीजाक्षरों से युक्त चामुण्डा देवी का प्रसिद्ध शाक्त मन्त्र; अर्थ-पाठ, अनुष्ठान-निर्देश नहीं।
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मन्त्र और जप
ॐ दुं दुर्गायै नमः
दुं बीजाक्षर के साथ माँ दुर्गा को नमस्कार करने वाला छोटा शाक्त मन्त्र; प्रमाण और सावधानियाँ सहित।
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मन्त्र और जप
सर्वमङ्गलमाङ्गल्ये — नारायणी स्तुति का श्लोक
देवी नारायणी की एक प्रसिद्ध पूर्ण श्लोक-प्रार्थना, मूल पाठ, अर्थ तथा स्रोत-सावधानियों सहित।
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